कोलकाता 29 जून 2025: कोलकाता लॉ कॉलेज में हुई कथित गैंगरेप की घटना और राज्य में बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पश्चिम बंगाल की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला है। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से इस्तीफे की मांग तक कर डाली।
🔴 धर्मेंद्र प्रधान का हमला: “महिलाएं सबसे असुरक्षित, गुंडा राज चल रहा है”
उत्तर 24 परगना में मीडिया से बातचीत में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा:“कोलकाता में जो सामूहिक बलात्कार की घटना घटी, वह किसी एक क्षेत्र की नहीं, बल्कि पूरे राज्य की कानून-व्यवस्था के चरम पतन का उदाहरण है। आज पश्चिम बंगाल की महिलाएं देश में सबसे असुरक्षित हैं। गुंडा राज चल रहा है और सरकार पूरी तरह निष्क्रिय है।” उन्होंने आगे कहा:“राज्य सरकार को अपनी कुंभकरणी नींद से जागना होगा, नहीं तो जनता सत्ता से जगाने का काम करेगी।”
🛑 “TMC आपातकाल की मानसिकता से चल रही है”: धर्मेंद्र प्रधान
कोलकाता में एक अन्य कार्यक्रम में धर्मेंद्र प्रधान ने कहा: “50 साल पहले देश में आपातकाल लागू हुआ था। कांग्रेस की वह संस्कृति आज TMC के माध्यम से बंगाल में जीवित है — डराना, धमकाना और मनमानी करना। बंगाल जो कभी महिला प्रगति की प्रयोगशाला हुआ करता था, आज वहां कॉलेज परिसरों में महिलाओं के साथ अत्याचार हो रहे हैं। यह शासन की मानसिकता दर्शाता है।”
🧾 सुवेंदु अधिकारी का आरोप: “TMC के आदमी को नौकरी मिली, परीक्षा नहीं”
पूर्व मेदिनीपुर में भाजपा नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने कोलकाता लॉ कॉलेज गैंगरेप मामले में कहा: “कॉलेज के सुरक्षा गार्ड की गिरफ्तारी हुई है, लेकिन वह मदद क्यों करेगा? वह भी TMC का ही आदमी है। उसे किसी परीक्षा से नहीं, राजनीतिक संपर्क से नौकरी मिली है।” उन्होंने कहा कि पिछले 14 सालों में पश्चिम बंगाल में स्थायी नौकरी मिलना बंद हो गया है, और पुलिस पूरी तरह TMC की कठपुतली बन चुकी है।
⚠️ संदर्भ: कोलकाता लॉ कॉलेज गैंगरेप मामला
हाल ही में कोलकाता के प्रसिद्ध लॉ कॉलेज में एक छात्रा के साथ कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार की घटना सामने आई है। मामले में कॉलेज के सुरक्षा गार्ड समेत कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। घटना के बाद पूरे राज्य में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पश्चिम बंगाल की राजनीति एक बार फिर से कानून-व्यवस्था और महिला सुरक्षा को लेकर गरमा गई है। भाजपा जहां TMC को “आपातकाल की मानसिकता वाली सरकार” कह रही है, वहीं TMC इस मुद्दे पर अभी तक आधिकारिक रूप से प्रतिक्रिया नहीं दे पाई है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा बंगाल की राजनीति में और बड़ा मोड़ ला सकता है।
